धमतरी में थाना प्रभारी पर मारपीट के आरोप की जांच तेज, एसपी ने गठित की तीन डीएसपी अधिकारियों की टीम
08 जून 2026 धमतरी :- धमतरी जिले के अर्जुनी थाना क्षेत्र में एक परिवार के साथ कथित मारपीट के मामले ने तूल पकड़ लिया है। मामले में अर्जुनी थाना में पदस्थ थाना प्रभारी चंद्रकांत साहू पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। घटना का विडिओ सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद पुलिस विभाग भी सक्रिय हो गया है।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक (एसपी) धमतरी ने जांच के लिए तीन डीएसपी स्तर के अधिकारियों की विशेष टीम गठित की है। यह टीम पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच कर अपनी रिपोर्ट वरिष्ठ अधिकारियों को सौंपेगी।
जानकारी के अनुसार, पीड़ित एस. किशोर राव पिछले लगभग दो वर्षों से नगर पंचायत आमदी क्षेत्र में किराए के मकान में रह रहे हैं। वे आयुर्वेदिक पद्धति से उपचार करने वाले एक नाड़ी वैद्य हैं और यहां अपना क्लीनिक संचालित करते हैं। उनका परिवार लंबे समय से छत्तीसगढ़ सहित विभिन्न राज्यों में आयुर्वेदिक दवाओं के व्यवसाय से जुड़ा हुआ है। उनके साथ उनके माता-पिता भी निवास करते हैं।
घटना के बाद पुलिस द्वारा मामले के विभिन्न पहलुओं की जांच की जा रही है। इसी क्रम में पीड़ित के मकान मालिक को भी नोटिस जारी किया गया है। नोटिस में किराएदार का विधिवत किरायानामा अथवा एग्रीमेंट नहीं किए जाने के संबंध में जवाब प्रस्तुत करने को कहा गया है।

हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि छत्तीसगढ़ सहित देश के कई हिस्सों में आज भी बड़ी संख्या में मकान मालिक किराएदारों के साथ लिखित एग्रीमेंट नहीं कराते हैं। जबकि कानून व्यवस्था और सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस प्रशासन समय-समय पर किरायेदार सत्यापन और किरायानामा तैयार कराने की सलाह देता रहा है।
इस बीच घटना को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है। पीड़ित परिवार न्याय की मांग कर रहा है, वहीं पुलिस विभाग का कहना है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष तरीके से की जाएगी और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
अब सभी की निगाहें एसपी धमतरी द्वारा गठित जांच टीम की रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं। जांच में यह स्पष्ट होगा कि वायरल वीडियो और लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है तथा घटना के लिए कौन जिम्मेदार है। आने वाले दिनों में जांच रिपोर्ट इस पूरे मामले में कई महत्वपूर्ण खुलासे कर सकती है। धमतरी पुलिस अधीक्षक का कहना है कि
जांच टीम की रिपोर्ट आने के बाद ही घटना की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से की जाएगी तथा दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा