नगरनार स्टील प्लांट का 31.5 टन आयरन ओर रास्ते में गायब! रेलवे साइडिंग से निजी यार्ड तक पहुंचा माल, शिकायत के बाद भी कार्रवाई पर सवाल
23 अगस्त 2026 जगदलपुर :- नगरनार स्टील प्लांट के लिए कुम्हारमारेंगा रेलवे साइडिंग से भेजे जा रहे आयरन ओर के परिवहन में कथित चोरी का मामला सामने आया है। आरोप है कि प्लांट के लिए रवाना किया गया 31.5 टन सीएलओ आयरन ओर नगरनार पहुंचने के बजाय सरगीपाल स्थित एक निजी यार्ड में उतार दिया गया। मामले में नगरनार स्टील प्लांट के अधिकारियों ने नगरनार थाने में शिकायत दर्ज कराई है।
जानकारी के मुताबिक शुक्रवार को बैलाडीला से आए आयरन ओर को कुम्हारमारेंगा रेलवे साइडिंग में अनलोड किया गया था। इसके बाद ट्रकों के माध्यम से माल नगरनार स्टील प्लांट भेजा जा रहा था। इसी क्रम में महादेव ट्रांसपोर्ट से जुड़े वाहन में करीब 31.5 टन सीएलओ आयरन ओर लोड कर नगरनार के लिए रवाना किया गया।
आरोप है कि वाहन नगरनार स्टील प्लांट पहुंचने के बजाय सरगीपाल स्थित एक निजी यार्ड में पहुंचा, जहां आयरन ओर को खाली कर दिया गया। शिकायत के अनुसार इस माल की अनुमानित कीमत करीब 2.63 लाख रुपये बताई गई है। इसके बाद वाहन दोबारा कुम्हारमारेंगा रेलवे साइडिंग पहुंच गया।
मामले का खुलासा तब हुआ जब संबंधित एनएमडीसी स्टाफ ने खनिज परिवहन से जुड़े ऑनलाइन रिकॉर्ड की जांच की। रिकॉर्ड में वाहन के माध्यम से भेजे गए माल की प्लांट तक निर्धारित पहुंच की पुष्टि नहीं होने पर अधिकारियों के बीच हड़कंप मच गया।
24 घंटे तक मामले को लेकर असमंजस
मामले को लेकर यह भी सवाल उठ रहे हैं कि घटना की जानकारी सामने आने के बाद तत्काल संबंधित पुलिस थानों और विभागीय अधिकारियों को सूचना क्यों नहीं दी गई। कुम्हारमारेंगा रेलवे साइडिंग परपा थाना क्षेत्र में आती है, जबकि सरगीपाल का संबंधित क्षेत्र बोधघाट थाना क्षेत्र में बताया जा रहा है। इसके बावजूद शिकायत नगरनार थाने में दर्ज होने में करीब 30 घंटे का समय लगने की बात सामने आई है।
अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि यदि प्लांट के लिए भेजा गया आयरन ओर रास्ते में ही दूसरी जगह उतार दिया गया, तो इसकी निगरानी व्यवस्था में इतनी बड़ी चूक कैसे हुई?
क्या यह अकेला मामला है?
स्थानीय सूत्रों का दावा है कि रेलवे साइडिंग से आयरन ओर की ढुलाई के दौरान इस तरह की गड़बड़ियां पहले भी होती रही हैं। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। यदि जांच में यह सामने आता है कि निर्धारित गंतव्य से पहले माल को निजी यार्ड में उतारकर उसकी बिक्री या दूसरे वाहनों के माध्यम से परिवहन किया गया, तो यह गंभीर आपराधिक एवं राजस्व संबंधी मामला बन सकता है।
बताया जा रहा है कि बैलाडीला क्षेत्र से आने वाला आयरन ओर जगदलपुर की विभिन्न रेलवे साइडिंग में अनलोड होने के बाद ट्रकों से रायपुर और अन्य औद्योगिक क्षेत्रों तक भेजा जाता है। ऐसे में परिवहन के दौरान वजन, ई-परमिट, वाहन रिकॉर्ड और वास्तविक गंतव्य की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
करोड़ों के खेल के आरोप, जांच का इंतजार
स्थानीय स्तर पर आरोप लगाए जा रहे हैं कि आयरन ओर के परिवहन की आड़ में बड़े पैमाने पर हेराफेरी हो सकती है और यदि कई रैक के परिवहन में इसी तरह की अनियमितता हुई है तो नुकसान करोड़ों रुपये तक पहुंच सकता है। हालांकि इन आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
मामले में ट्रांसपोर्ट कंपनी, वाहन मालिक तथा कथित निजी यार्ड से जुड़े लोगों की भूमिका जांच के दायरे में आने की बात कही जा रही है। फिलहाल चोरी के आरोपों में किसी व्यक्ति को दोषी ठहराना जांच पूरी होने से पहले उचित नहीं होगा।
राजनीतिक संरक्षण के आरोप भी, लेकिन प्रमाण जांच से ही होंगे स्पष्ट
मामले को लेकर कुछ स्थानीय सूत्रों ने राजनीतिक संरक्षण के आरोप लगाए हैं। एक स्थानीय भाजपा नेता का नाम भी चर्चाओं में होने का दावा किया जा रहा है। हालांकि इन आरोपों के समर्थन में फिलहाल कोई सार्वजनिक दस्तावेज या आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है। इसलिए इन आरोपों की सत्यता जांच का विषय है।
अब निगाहें पुलिस और संबंधित विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं। सवाल यह है कि क्या कथित रूप से निजी यार्ड में उतारा गया 31.5 टन आयरन ओर बरामद होगा? क्या वाहन की पूरी ट्रैकिंग की जाएगी? और क्या रेलवे साइडिंग से नगरनार प्लांट तक आयरन ओर परिवहन के पुराने रिकॉर्ड की भी जांच होगी?
यदि जांच निष्पक्ष और व्यापक तरीके से की जाती है, तो यह मामला केवल एक वाहन से जुड़े कथित आयरन ओर गबन तक सीमित है या इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क काम कर रहा है—इसका खुलासा हो सकता है।
TIMES OF BASTAR की नजर इस पूरे मामले पर बनी हुई है। परिवहन व्यवस्था, रेलवे साइडिंग से प्लांट तक माल की आवाजाही और कथित अनियमितताओं से जुड़े पहलुओं की पड़ताल जारी है। आने वाले दिनों में TIMES OF BASTAR इस परिवहन मामले से जुड़े और भी बड़े तथ्यों का पर्दाफाश करेगा।