बाफना ज्वेलर्स की छत पर मिली दीपाली सागर की लाश, डिमरापाल अस्पताल के कर्मचारियों को मिला कथित सुसाइड नोट! CCTV में सीढ़ियों से ऊपर जाती दिखी युवती, परिजनों के सवालों से घिरा मामला; सड़क पर धरना

बाफना ज्वेलर्स की छत पर मिली दीपाली सागर की लाश, डिमरापाल अस्पताल के कर्मचारियों को मिला कथित सुसाइड नोट! CCTV में सीढ़ियों से ऊपर जाती दिखी युवती, परिजनों के सवालों से घिरा मामला; सड़क पर धरना
जगदलपुर - TIMES OF BASTAR

02 नवम्बर 2026 जगदलपुर :- शहर में सोमवार को उस वक्त सनसनी फैल गई, जब गोल बाजार स्थित  हाउस ऑफ  बाफना ज्वेलर्स की इमारत की छत पर लगभग 21 वर्षीय युवती दीपाली सागर पिता राजू सागर निवासी बैला बाजार पारा जगदलपुर का शव मिला। घटना के बाद मामला लगातार उलझता जा रहा है। एक ओर पुलिस की प्रारंभिक जांच में आत्महत्या की आशंका सामने आ रही है, वहीं दूसरी ओर मृतका के परिजन घटना की परिस्थितियों पर गंभीर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।

सबसे अहम जानकारी यह सामने आई है कि पुलिस के अनुसार, युवती के शव को पोस्टमार्टम के लिए डिमरापाल अस्पताल ले जाने के बाद वहां के कर्मचारियों को मृतका की जेब से एक कथित सुसाइड नोट मिला। पुलिस की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, नोट मिलने की बात सामने आने के बाद मामले में एक नया पहलू जुड़ गया है। हालांकि, नोट में क्या लिखा है और उसकी प्रामाणिकता क्या है, इस संबंध में आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।

डिमरापाल अस्पताल के कर्मचारियों को मिला कथित सुसाइड नोट, पुलिस ने दी जानकारी

पुलिस के अनुसार, युवती के शव को पोस्टमार्टम के लिए डिमरापाल अस्पताल ले जाया गया था। इसी दौरान अस्पताल के कर्मचारियों को मृतका की जेब से एक कथित सुसाइड नोट मिला। पुलिस का कहना है कि इस नोट को जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाया जाएगा।

पुलिस के अनुसार, डिमरापाल अस्पताल में डॉक्टर द्वारा स्वीपर को जांच के दौरान मृतिका दीपाली का कथित सुसाइड नोट मिला। नोट में दीपाली ने अपनी मर्जी से आत्महत्या करने की बात लिखी है। साथ ही उल्लेख किया है कि उसके जाने के बाद उसके दोस्तों और परिवारजनों को किसी भी प्रकार से परेशान न किया जाए और न ही उन पर कोई आरोप लगाया जाए। हालांकि, सुसाइड नोट की आधिकारिक जांच और पुष्टि होना बाकी है।

CCTV में सीढ़ियों से ऊपर जाती दिखी युवती, परिजनों को थाने में दिखाया फुटेज

पुलिस की ओर से परिजनों को थाने ले जाकर दुकान का CCTV फुटेज दिखाया गया। पुलिस के मुताबिक, फुटेज में युवती सीढ़ियों के रास्ते ऊपर जाती हुई दिखाई दे रही है।

हालांकि, परिजनों के मन में अभी भी कई सवाल हैं। उनका कहना है कि केवल सीसीटीवी में ऊपर जाते दिखाई देना मौत की पूरी परिस्थितियों को स्पष्ट नहीं करता। युवती के साथ आगे क्या हुआ, वह किन परिस्थितियों में छत तक पहुंची और मौत कैसे हुई, इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

15 दिन पहले ही कपड़े की दुकान में काम करने आई थी दीपाली

परिजनों के अनुसार, दीपाली सागर करीब 15 दिन पहले ही बाफना की कपड़े की दुकान में काम करने आई थी। मोहल्ले की एक अन्य युवती ने उसे वहां काम दिलवाया था।

परिजनों ने बताया कि घटना वाले दिन रात करीब 8:30 बजे मोहल्ले की वही युवती दीपाली का मोबाइल फोन उसके घर पहुंचाने आई थी। मोबाइल परिवार को सौंपने के बाद परिजनों को घटना की परिस्थितियों को लेकर चिंता हुई।

इसके बाद परिवार के सदस्य बाफना की कपड़े की दुकान में जाकर जानकारी लेना चाहते थे, लेकिन उस समय दुकान बंद हो चुकी थी। अगले दिन सुबह जब परिजन दोबारा दुकान पहुंचे, तो उससे पहले पुलिस मौके पर पहुंच चुकी थी।

सुबह 11:12 बजे से दुकान के सामने धरने पर बैठे परिजन

घटना की जानकारी और परिस्थितियों को लेकर नाराज परिजन सुबह करीब 11:12 बजे से बाफना ज्वेलर्स के सामने सड़क पर बैठ गए। परिवार ने न्याय और निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके चलते सड़क पर यातायात प्रभावित हुआ और जाम की स्थिति निर्मित हो गई।

परिजनों का आरोप है कि उन्हें समय रहते घटना की जानकारी क्यों नहीं दी गई? यदि उनकी बेटी ने आत्महत्या की थी, तो परिवार को तत्काल सूचना क्यों नहीं दी गई? उनका यह भी कहना है कि उनके सामने न तो पंचनामा किया गया और न ही उन्हें शव दिखाया गया।

परिवार का सवाल है कि आखिर ऐसी गंभीर घटना में परिजनों को पूरी प्रक्रिया से अलग क्यों रखा गया? उनका कहना है कि पूरी कार्रवाई पारदर्शी तरीके से होनी चाहिए थी।

 परिजनों ने उठाए कई अहम सवाल, पुलिस से मांगे जवाब

मृतका के परिजनों ने पूरे मामले को लेकर कई गंभीर सवाल उठाए हैं। परिवार का कहना है कि जब उनकी बेटी की मौत हुई, तो उन्हें समय पर सूचना क्यों नहीं दी गई? परिजनों ने पुलिस से इन सवालों का जवाब देने और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।

हालांकि, इस मामले में पुलिस का कहना है कि पंचनामा की कार्रवाई परिवारजनों एवं उनके परिचितों की मौजूदगी में की गई थी और इस दौरान उनके हस्ताक्षर भी लिए गए थे। वहीं, परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों को लेकर स्थिति स्पष्ट करने के लिए पुलिस का यह पक्ष भी महत्वपूर्ण है।

1.डिमरापाल अस्पताल के कर्मचारियों को मिले कथित सुसाइड नोट में आखिर क्या लिखा है? इसकी जानकारी परिवार को क्यों नहीं दी गई?

2.सुसाइड नोट की लिखावट और उसकी प्रामाणिकता की जांच कराई जाएगी या नहीं?

3. CCTV फुटेज में युवती के ऊपर जाने के बाद आखिर क्या हुआ?

4. रात करीब 8:30 बजे दीपाली का मोबाइल फोन घर पहुंचाने वाली युवती से पुलिस ने क्या पूछताछ की?

5.पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का वास्तविक कारण क्या सामने आएगा?

परिजनों की मांग है कि इन सभी सवालों का स्पष्ट जवाब दिया जाए और दीपाली की मौत की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए।

पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी शहर की निगाहें

दीपाली सागर की मौत ने जगदलपुर में कई सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस की ओर से डिमरापाल अस्पताल में कथित सुसाइड नोट मिलने और CCTV फुटेज में युवती के ऊपर जाते दिखाई देने की जानकारी सामने आई है। लेकिन इन तथ्यों से अकेले मौत की पूरी परिस्थितियां स्पष्ट नहीं होतीं।

फिलहाल परिजन निष्पक्ष जांच की मांग पर अड़े हैं। अब देखना होगा कि पुलिस सुसाइड नोट, CCTV फुटेज, मोबाइल फोन और संबंधित लोगों से पूछताछ के आधार पर इस मामले की गुत्थी कैसे सुलझाती है।

 दीपावली के परिजन का सबसे बड़ा सवाल यही है की —दीपाली की मौत किन परिस्थितियों में हुई और परिवार को समय पर पूरी जानकारी क्यों नहीं मिली?